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एक मंदिर ऐसा भी है जहाँ उतारा जाता है प्यार का भूत | An unusual Temple in India



*यह आर्टिकल राखी सोनी द्वारा लिखा गया है। 

जब भी हमें ईश्वर से कोई खास मन्नत मांगनी होती है तो हम मंदिर जाते हैं। हमारे देश में कई ऐसे मंदिर है, जिनकी अपनी अपनी मान्यता है। किसी मंदिर में माथा टेकने से निसंतान दंपति की गोद भर जाती है तो किसी मंदिर में जाने से टूटी हड्डियां भी अपने आप जुड़ जाती है। इतना ही नहीं, कुछ मंदिर ऐसे भी है, जहां रामभक्त हनुमान स्वयं प्रकट होते हैं, लेकिन इन सबके बीच एक ऐसा मंदिर भी है, जहाँ प्यार में पड़े युवक-युवतियों का भूत उतारा जाता है। चौंकिए नहीं, उत्तरप्रदेश के सहानपुरी रोड पर हनुमान जी का मंदिर है, जहां इश्क में पागल हुए लोगों का भूत उतारा जाता है।

आठ साल पहले हुई है स्थापना :



हनुमान जी का मंदिर ज्यादा पुराना नहीं है। आठ साल पहले ही मंदिर की स्थापना की गई है, लेकिन कुछ ही समय में इस मंदिर की ख्याति दूर दूर तक लोगों में पहुंच चुकी है। हर रोज यहां काफी संख्या में अपने बच्चों को लेकर आते हैं, जो प्यार में पड़ गए होते हैं। यहां आने के बाद बच्चों के माता-पिता को कुछ उपाय बताए जाते हैं, इन उपायों के बाद बच्चों के सिर से प्रेम का भूत उतर जाता है। साथ ही मंदिर के पुजारी उन परिजनों से पूजा भी करवाते हैं। ये पूजा एकदम एकांत जगह पर की जाती है। जहां सिर्फ युवक-युवती के नजदीकी रिश्तेदार ही होते हैं। सिर्फ इस वजह से ही नहीं बल्कि जीवन में अन्य समस्याओं से छुटकार पाने केे  लिए यहां काफी संख्या में लोग आते हैं।

मंगलवार व शनिवार होती है खास पूजा :


यहाँ पर बालाजी महाराज श्रीराम के साथ-साथ अपनी सहयोगी शक्ति श्री काल भैरव और श्री प्रेतराज सरकार के साथ विराजमान हैं। लोग कहते हैं कि तीनों शक्तियां अपने भक्त का परम कल्याण कर रही हैं। वैसेे तो हर दिन यहां भक्तों का मेला लगा रहता है, लेकिन मंगलवार और शनिवार यहां भक्तों की खास भीड़ होती है। इस दिन यहां मंदिर परिसर में विशेष पूजा-अर्चना भी की जाती है। इसके साथ ही मंदिर परिसर में समय-समय पर भजन कीर्तन का भी आयोजन किया जाता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ ही सालों में लोगों का विश्वास इस मंदिर के प्रति काफी बढऩे लगा है। पहले तो आस-पास से ही लोग यहां माथा टेकने के लिए आते थे, लेकिन अब दूर-दराज और अन्य राज्यों से लोग यहां अपने बच्चों के सिर पर से प्यार का भूत उतारने आते हैं।



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